मनुष्य के जीवन का वह हिस्सा जो वह व्यक्त करता है, आइए हम हमेशा याद रखें, उसके भीतर जो अव्यक्त और अचेत है, उसका एक छोटा, अज्ञात अनुपात होता है। वह व्यक्ति स्वयं भी इस बात से अनजान होता है, और अन्य लोग तो और भी कम जानते हैं।
थॉमस कार्लाइल
मनुष्य के जीवन का वह हिस्सा जो वह व्यक्त करता है, आइए हम हमेशा याद रखें, उसके भीतर जो अव्यक्त और अचेत है, उसका एक छोटा, अज्ञात अनुपात होता है। वह व्यक्ति स्वयं भी इस बात से अनजान होता है, और अन्य लोग तो और भी कम जानते हैं।
थॉमस कार्लाइल