कितना नीरस होता है रुक जाना, समाप्त हो जाना, ऐसे ही फीके पड़ जाना, उपयोग में चमक न लाना— जैसे कि जीवन ही सांस लेना हो!
अल्फ्रेड टेनिसन
कितना नीरस होता है रुक जाना, समाप्त हो जाना, ऐसे ही फीके पड़ जाना, उपयोग में चमक न लाना— जैसे कि जीवन ही सांस लेना हो!
अल्फ्रेड टेनिसन